Breaking News

शिवपाल को रामगोपाल ने ललकारा : हिम्‍मत है तो पार्टी के सदस्‍यों की संख्‍या बढ़ाएं

इटावा : समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय महासचिव रामगोपाल यादव ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के प्रतिद्वंद्वी चाचा शिवपाल सिंह यादव पर हमला करते हुए कहा कि पार्टी संविधान की जानकारी नहीं होने के कारण ही वह अखिलेश से सपा अध्यक्ष पद छोडऩे के फिजूल बयान दे रहे हैं।

शिवपाल ने नहीं पढ़ा पार्टी का संविधान
यादव ने संवाददाताआें से कहा कि शिवपाल लगातार कह रहे हैं कि अखिलेश को अपने वादे के मुताबिक पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष का पद छोड़ देना चाहिए। शिवपाल ने शायद पार्टी का संविधान नहीं पढ़ा है। सपा कार्यकर्ताआें ने अखिलेश को संवैधानिक तरीके से अध्यक्ष चुना है। किसी के कुछ कह देने मात्र से अध्यक्ष पद वापस नहीं हो जाता।

हिम्मत है तो पार्टी सदस्य संख्या बढ़ाएं
उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि अगर शिवपाल में हिम्मत है तो पार्टी सदस्य संख्या बढ़ाएं। पार्टी के सदस्यता अभियान की प्रक्रिया अगली 30 सितम्बर तक पूरी हो जाएगी, तब शिवपाल पार्टी संविधान के तहत अध्यक्ष पद के लिए चुनाव लड़ें या लड़ाएं। सपा महासचिव ने कहा कि अखिलेश सपा के अध्यक्ष बने रहेंगे। अगले राष्ट्रीय अधिवेशन में भी राष्ट्रीय अध्यक्ष पद पर अखिलेश के ही चुने जाने की संभावना है।

अखिलेश सिर्फ तीन महीने के लिए बने थे अध्यक्ष
मालूम हो कि शिवपाल लगातार अपने बयानों में कह रहे हैं कि अखिलेश ने विधानसभा चुनाव से पहले अपने पिता मुलायम सिंह यादव से वादा किया था कि वह सिर्फ तीन महीने के लिए उन्हें सारे अधिकार सौंप दें। उसके बाद वह सारे अधिकार लौटा देंगे। अखिलेश को अपना वादा पूरा करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष पद मुलायम को सौंप देना चाहिए। अखिलेश ने भी शिवपाल के बयान से संम्बधित सवाल पर कहा था कि पहले पार्टी का संविधान पढ़ा जाए, उसके बाद सवाल पूछे जाएं।

-----
लिंक शेयर करें