Breaking News

समता, समानता व मानवता पर आधारित है डॉ भीमराव अम्‍बेडकर का संविधान – डॉ उदय प्रताप चतुर्वेदी ( देवीलाल गुप्‍त की रिपोर्ट )

  • बाबा साहेब डॉ भीमराव अम्‍बेडकर की जयन्‍ती पर अर्पित किया श्रद्धासुमन
  • स्‍वतन्‍त्र भारत के उत्‍थान में थी डॉ अम्‍बेडकर की महत्‍वूपर्ण भूमिका

संतकबीरनगर, न्‍यूज केबीएन।

सूर्या इण्‍टरनेशनल एकेडमी के निदेशक डॉ उदय प्रताप चतुर्वेदी ने डॉ भीमराव अम्‍बेडकर की जयन्‍ती पर कहा कि डॉ भीमराव अम्‍बेडकर ने  समता, समानता, बन्धुता एवं मानवता आधारित भारतीय संविधान को 02 साल 11 महीने और 17 दिन में तैयार करने का अहम कार्य किया। वे भारत के कानून मन्‍त्री थे । लेकिन साल 1951 में महिला सशक्तिकरण का हिन्दू संहिता विधेयक पारित करवाने में प्रयास किया और पारित न होने पर स्वतंत्र भारत के प्रथम कानून मंत्री के पद से इस्तीफा दिया।

डॉ उदय प्रताप चतुर्वेदी, निदेशक सूर्या इण्‍टरनेशनल एकेडमी

डॉ उदय प्रताप चतुर्वेदी ने कहा कि डॉ भीमराव अम्‍बेडकर ने निर्वाचन आयोग, योजना आयोग, वित्त आयोग, महिला पुरुष के लिये समान नागरिक हिन्दू संहिता, राज्य पुनर्गठन, राज्य के नीति निर्देशक तत्व, मौलिक अधिकार, मानवाधिकार, निर्वाचन आयुक्त और सामाजिक, आर्थिक, शैक्षणिक एवं विदेश नीति बनाई। उन्होंने विधायिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका में एसी-एसटी के लोगों की सहभागिता सुनिश्चित की। हमें उनके जीवन से प्रेरणा लेनी चाहिए। हम सभी लोगों का यह दायित्‍व है कि हम उनके व्‍यक्तित्‍व और कृतित्‍व को याद करना चाहिए तथा उनसे प्रेरणा लेनी चाहिए।

 

-----
लिंक शेयर करें